Bank Account Freeze 2026
Bank Account Freeze 2026: रातों-रात क्यों बंद हो रहे हैं लोगों के खाते और क्यों हो रही है गिरफ्तारी?
2026 में भारत में बैंक खातों के अचानक फ्रीज होने की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं, खासकर साइबर फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग के मामलों में। लोग रातोंरात अपने खाते बंद पाकर परेशान हो रहे हैं, जिससे सैलरी, बिजनेस और रोजमर्रा के लेन-देन ठप हो जाते हैं।
मुख्य कारण: संदिग्ध ट्रांजेक्शन और चेन पेमेंट्स
बैंकों की सख्त AML (एंटी-मनी लॉन्ड्रिंग) और CTF (काउंटर टेररिज्म फाइनेंसिंग) नीतियों के तहत असामान्य गतिविधियां खाते को तुरंत फ्रीज कर देती हैं। अचानक बड़ी रकम जमा होना, अज्ञात स्रोतों से बार-बार पैसे आना, या साइबर क्राइम से जुड़े चेन ट्रांजेक्शन (एक खाते से दूसरे में पैसा घूमना) मुख्य वजहें हैं। उदाहरण के लिए, अगर कोई फ्रॉड का शिकार हुआ व्यक्ति आपके खाते में पैसे भेज दे और वह क्राइम से लिंक हो, तो आपका खाता भी फंस जाता है।
साइबर फ्रॉड केस: पुलिस या साइबर सेल शिकायत पर खाता जब्त करती है।
बड़े विदेशी ट्रांसफर या तेजी से विड्रॉल: बैंक ऑटोमैटिक अलर्ट पर फ्रीज लगाता है।
कानूनी आदेश: कोर्ट, ED और IT विभाग की भूमिका
कोर्ट ऑर्डर, इनकम टैक्स, एन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ED) या पुलिस जांच के दौरान खाते फ्रीज होते हैं। टैक्स चोरी, मनी लॉन्ड्रिंग या फाइनेंशियल फ्रॉड के केस में ये एजेंसियां बैंक को निर्देश देती हैं। लोन डिफॉल्ट या क्रेडिट कार्ड बकाया पर भी बैंक खुद फ्रीज कर सकता है। 2026 में ‘ब्लैंकेट फ्रीज’ की शिकायतें बढ़ी हैं, जहां बिना ठोस सबूत सैकड़ों खाते एक साथ बंद हो रहे हैं, जिससे बिजनेस चौपट हो जाते हैं। गिरफ्तारियां तब होती हैं जब जांच में मनी लॉन्ड्रिंग या फ्रॉड साबित होता है।
गिरफ्तारियां क्यों? फ्रॉड चेन में फंसना
रातोंरात गिरफ्तारी तब होती है जब साइबर क्राइम जांच में खाता फ्रॉड चेन का हिस्सा पाया जाता है। मसलन, स्कैमर पैसे आपके खाते में भेजते हैं, आप निकाल लेते हैं—बिना जानें। पुलिस PMLA (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) के तहत कार्रवाई करती है। 2026 में नया SOP आया है, लेकिन फ्रीज तेज हैं।
क्या करें अगर खाता फ्रीज हो जाए?
बैंक स्टेटमेंट चेक करें—फ्रीज का कारण बताया होता है।
साइबर सेल या संबंधित एजेंसी (ED/IT) से संपर्क करें, ट्रांजेक्शन का सोर्स साबित करें।
दस्तावेज जमा करें: आधार, पैन, ITR, सोर्स ऑफ फंड्स डिक्लेरेशन।
कोर्ट में अपील या हेबियस कॉर्पस फाइल करें अगर अनफेयर लगे।
नया नियम 2026: पुलिस बिना नोटिस फ्रीज नहीं कर सकती, लेकिन प्रैक्टिस में देरी है।